बीकानेर और बाकी राजस्थान में किसान से एक ही शिकायत सुनने को मिलती है: योजनाएं बहुत हैं, पता नहीं कौन सी मेरे काम की है। कोई किस्त देती है, कोई बीज, कोई बिजली के बिल में छूट, कोई हादसे पर मदद। यह लेख उसी उलझन को सुलझाने के लिए है।
राशि और तारीखें बदलती रहती हैं। आवेदन से पहले कृषि पर्यवेक्षक, ई-मित्र, या नीचे लिखे आधिकारिक पोर्टल पर एक बार पुष्टि कर लें। जो आदमी घर आकर “योजना दिलवा दूंगा” कहे और आगे के पैसे मांगे, उसे कागज़ न दें।
पहले से छपी योजनाएं
ये लेख साइट पर पहले से हैं। दोबारा न भरें, पहले इन्हें पढ़ लें:
- पीएम किसान सम्मान निधि — साल में ₹6,000, तीन किस्तों में
- फसल बीमा — सूखा, ओला या कीट से फसल खराब हो तो भरपाई
- किसान क्रेडिट कार्ड — खेती का छोटा कर्ज
- एमएसपी क्या है — सरकारी खरीद का न्यूनतम भाव
- ड्रिप और स्प्रिंकलर सब्सिडी — टपक सिंचाई पर अनुदान
- ऊंट पालन पर मदद
इस हफ्ते जोड़ी गई योजनाएं
| योजना | कौन चलाता है | एक लाइन में |
|---|---|---|
| Farmer ID | राजस्थान | खाद-बीज से पहले बनी पहचान। सितंबर 2026 का अभियान 30 तारीख तक है |
| किसान मित्र ऊर्जा | राजस्थान | मीटर वाली कृषि बिजली पर महीने ₹1,000 तक की राहत |
| कृषक साथी सहायता | राजस्थान | खेत या मंडी हादसे में परिवार को मदद, मृत्यु पर ₹2 लाख तक |
| बीज स्वावलंबन | राजस्थान | अपना बीज खुद उगाने और अनुदानित बीज के लिए |
| कृषक समर्थन | राजस्थान | सरकारी केंद्र पर गेहूं बेचने पर बोनस |
| खेत तलाई और डिग्गी | राजस्थान | वर्षा जल और नहर के पानी को संचय करने पर अनुदान |
| पीएम किसान मानधन | केंद्र | 60 साल की उम्र पर ₹3,000 मासिक पेंशन |
| पीएम कुसुम | केंद्र और राज्य | सोलर पंप। घोषित मियाद 31 मार्च 2026 थी, नई खिड़की विभाग से पूछें |
| मिट्टी स्वास्थ्य कार्ड | केंद्र | मिट्टी की जांच, मुफ्त सलाह किस खाद की जरूरत है |
| खाद सब्सिडी | केंद्र | यूरिया और डीएपी सस्ती इसलिए मिलती है क्योंकि सब्सिडी सरकार देती है |
| कृषि अवसंरचना कोष | केंद्र | गोदाम और कोल्ड स्टोरेज के कर्ज पर ब्याज में छूट |
| एफपीओ | केंद्र | किसान मिलकर कंपनी जैसा समूह बनाएं तो इक्विटी гранट और कर्ज गारंटी |
| कृषि यंत्र | केंद्र और राज्य | मशीन पर अनुदान। राजस्थान बजट में ₹160 करोड़ का ऐलान |
| गोकुल मिशन | केंद्र | देशी नस्ल, कृत्रिम गर्भाधान और पशु स्वास्थ्य |
कागज़ जो लगभग हर जगह मांगेंगे
- आधार कार्ड और उससे जुड़ा मोबाइल
- बैंक पासबुक, खाता आधार से लिंक हो
- जमाबंदी या खसरा-खतौनी की नकल
- जन आधार, जहां राज्य की योजना जन आधार से जुड़ी हो
- पासपोर्ट साइज फोटो
बीकानेर संभाग में बिजली के काम के लिए डिस्कॉम जेडीवीवीएनएल है। मंडी के दावे कृषि उपज मंडी समिति में बनते हैं। बीज और मिट्टी की जांच के लिए ज़िला कृषि कार्यालय या कृषि विज्ञान केंद्र जाएं। ई-मित्र पर फॉर्म भरा जा सकता है, पर योजना का नाम खुद पढ़कर भरवाएं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या एक किसान कई योजनाओं का लाभ ले सकता है?
हां। पीएम किसान, किसान क्रेडिट कार्ड, फसल बीमा, बिजली सब्सिडी और बीज अनुदान अलग-अलग योजनाएं हैं। एक का लाभ दूसरी को नहीं काटता, जब तक उस योजना की अपनी पात्रता पूरी हो।
आवेदन के लिए पैसे किसको दें?
सरकारी योजना का फॉर्म भरने के लिए किसी एजेंट को रिश्वत या “फीस” न दें। ई-मित्र पर केवल तय सेवा शुल्क लगता है। किस्त या सब्सिडी सीधे बैंक खाते में आती है।
सबसे पहले कौन सा कागज़ बनवाएं?
आधार, बैंक पासबुक, जमाबंदी और मोबाइल नंबर तैयार रखें। सितंबर 2026 में राजस्थान Farmer ID अभियान चला रहा है। आगे खाद और बीज इसी पहचान से जुड़ेंगे।

